अल्लाह उन लोगों की बात सुन चुका है जिनका कहना है कि "अल्लाह तो निर्धन है और हम धनवान है।" उनकी बात हम लिख लेंगे और नबियों को जो वे नाहक क़त्ल करते रहे है उसे भी। और हम कहेंगे, "लो, (अब) जलने की यातना का मज़ा चखो।" आल-इमरान ३:१८१ ⧉
तफ़सीर:
अल्लाह ने यहूदियों के कथन को सुना जब उन्होंने कहा : “अल्लाह गरीब है क्योंकि उसने हमसे ऋण मांगा है, और हमारे पास जो धन है उससे हम समृद्ध हैं।” उन्होंने अपने पालनहार पर जो मिथ्यारोपण किया है, हम उसे तथा उनके अनाधिकार अपने नबियों की हत्या करने को भी अवश्य लिख लेंगे। और हम उनसे कहेंगे : लो, आग में जला देने वाली यातना का मज़ा चखो।