"ऐ मेरे बन्दों! आज न तुम्हें कोई भय है और न तुम शोकाकुल होगे।" - अज़-ज़ुखरुफ़ ४३:६८ ⧉
तफ़सीर:
और अल्लाह उनसे कहेगा : ऐ मेरे बंदो! जो कुछ तुम सामना करने वाले हो, उसमें आज तुम्हारे लिए कोई भय नहीं है, और न ही तुम उसपर शोक करोगे जो संसार के आनंदों में से तुमसे छूट गया है।