जो अपने पास रखी गई अमानतों और अपनी प्रतिज्ञा का निर्वाह करते है, अल-मआरिज ७०:३२ ⧉
तफ़सीर:
और जो लोग अपने पास अमानत रखे हुए धनों और भेदों आदि की तथा लोगों से की हुई अपनी प्रतिज्ञाओं की रक्षा करने वाले हैं। न तो उनकी अमानतों में ख़यानत करते हैं और न उनकी प्रतिज्ञाओं को तोड़ते हैं।